Google AI Plus, AI Pro और AI Ultra: अलग‑अलग टियर क्या देते हैं?
AI Plus प्लान को ज़्यादा अफोर्डेबल विकल्प के रूप में डिज़ाइन किया गया है, जो फ्री Gemini एक्सेस और महंगे AI Pro प्लान के बीच का गैप भरता है। इसके तहत यूज़र्स को Gemini 3 Pro और Nano Banana Pro जैसे एडवांस्ड AI मॉडल्स का ज़्यादा इस्तेमाल करने की सुविधा मिलती है, साथ ही वीडियो जनरेशन, रिसर्च और राइटिंग असिस्टेंस जैसे फीचर्स भी शामिल हैं। इस प्लान में 200GB क्लाउड स्टोरेज भी दिया जाता है, जिसे यूज़र परिवार के अन्य सदस्यों के साथ शेयर कर सकता है।
इंडिया में AI Plus को पहले ही लॉन्च किया जा चुका था, जहां यह फ्री Gemini टियर और ऊपर वाले AI Pro प्लान के बीच एक मिड‑रेंज ऑप्शन के रूप में आया था। यहां यह प्लान Gemini 3 Pro, Nano Banana Pro और वीडियो‑जनरेशन टूल्स के साथ आता है, साथ ही इसमें Gmail, Docs और दूसरे Google सर्विसेज़ में डीप इंटीग्रेशन भी शामिल है। नए ग्लोबल रोलआउट के बाद इसी मॉडल को दुनिया भर के उन सभी रीजन में लागू किया जा रहा है जहां Google की AI सब्सक्रिप्शन लाइनअप एक्टिव है।
AI Plus के साथ Google ने अपने बड़े प्रीमियम प्लान—Google AI Pro और Google AI Ultra—में भी बदलाव किए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, अब Google Developer Program (GDP) के प्रीमियम बेनिफिट्स सीधे AI Pro और AI Ultra सब्सक्रिप्शन में इंटीग्रेट कर दिए गए हैं। इसका मतलब है कि डेवलपर्स को अलग से GDP प्रीमियम लेने की ज़रूरत नहीं रहेगी; वे AI Pro या AI Ultra लेकर ही उन्हीं टूल्स और क्रेडिट्स तक पहुंच सकेंगे।
AI Pro सब्सक्रिप्शन के तहत यूज़र्स को Google Cloud पर लगातार इस्तेमाल के लिए मासिक क्रेडिट मिलते हैं, जिनसे वे अपने AI ऐप्स और सर्विसेज़ को प्रोडक्शन में डिप्लॉय कर सकते हैं। यह फीचर खासकर ऐसे डेवलपर्स के लिए उपयोगी है जो Gemini‑आधारित ऐप्स बनाना चाहते हैं, लेकिन बिलिंग सेटअप की जटिलता से बचना चाहते हैं। AI Ultra प्लान में यही GDP‑संबंधित बेनिफिट और भी ज़्यादा बड़े स्तर पर दिए जाते हैं, जिससे बड़े प्रोजेक्ट्स और एंटरप्राइज‑स्तर के डेवलपमेंट के लिए रिसोर्सेज़ आसानी से मिल सकते हैं।
AI Pro और AI Ultra दोनों प्लान में यूज़र्स को Gemini 3 Pro, Veo जैसे वीडियो‑जनरेशन मॉडल्स, Deep Research और दूसरे एडवांस्ड AI टूल्स तक पहुंच मिलती है। इन प्लान्स को खासतौर पर प्रोफेशनल्स, क्रिएटर्स और डेवलपर्स के लिए डिज़ाइन किया गया है, जो रोज़ाना ज़्यादा टेक्स्ट, इमेज और वीडियो जनरेशन करते हैं। साथ ही, ये प्लान Google One‑स्टाइल क्लाउड स्टोरेज और फैमिली शेयरिंग जैसी सुविधाओं के साथ आते हैं, जिससे यूज़र्स अपने डेटा और AI आउटपुट दोनों को एक ही इकोसिस्टम में मैनेज कर सकते हैं।
AI Plus के ग्लोबल रोलआउट से Google का मकसद यह है कि ज़्यादा से ज़्यादा यूज़र्स को एडवांस्ड AI मॉडल्स और क्रिएटिव टूल्स तक सस्ती दरों पर एक्सेस मिले, ताकि वे धीरे‑धीरे रेगुलर AI ग्राहक बन सकें। इसके साथ ही, AI Pro और AI Ultra में GDP‑प्रीमियम बेनिफिट्स जोड़कर कंपनी डेवलपर्स को अपने इकोसिस्टम में बांधने की कोशिश कर रही है, ताकि ज़्यादा से ज़्यादा ऐप्स और सर्विसेज़ Google के AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर बनें और चलें।
स्रोत: Google Blog, Storyboard18